हिन्दी साहित्य का इतिहास भाग -01

       हिंदी साहित्य प्रश्न

1. शेरसिंह का शस्त्र समर्पण’ किसकी रचना है?💐प्रसाद

2. ’ताजमहल का टेण्डर’ किसका नाटक है?💐अजय शुक्ल

3. अनुमितिवाद की अवधारणा किसकी है?💐आ शंकुक

4. ’रेखाएं बोल उठीं’ किसकी रचना है?💐देवेंद्र सत्यार्थी

5. ’सांप तुम सभ्य तो हुए नहीं’ किसकी काव्य-पंक्ति है?💐अज्ञेय

6. ’गुलगुली गिल में गलीचा है गुनीजन हैं’ किसकी काव्य-पंक्ति है?💐पद्माकर

7. ’सोन मछली’ किसकी कविता है?💐अज्ञेय

8. ’यमुना के प्रति’ कविता के रचनाकार कौन हैं?💐निराला

9. ’पेशोला की प्रतिध्वनि’ कविता के रचयिता कौन हैं?💐प्रसाद

10. मिश्र बन्धुओं में कौन-कौन सम्मिलित हैं?💐गणेश श्याम शुखदेव

11. ’गंगौली’ गांव किस उपन्यास के केन्द्र में है?💐आधा गाँव राही मासूम

12. ’कोर्ट मार्शल’ नाटक के रचनाकार कौन हैं?💐स्वदेश दीपक

13. ’ऋतम्भरा’ किसकी काव्यकृति है?💐केदारनाथ मिश्र प्रभात

14. ’पीली ऑंधी’ उपन्यास किसकी रचना है?💐प्रभाखेतान

15. ’रमणीयार्थ-प्रतिपादकः शब्दः काव्यम्’ किसका कथन है?💐जगन्नाथ

16. शब्दार्थौ सहितौ काव्यम्’ किसका कथन है?💐भामह

17. ’एक मन्त्री स्वर्ग लोक में’ किसका उपन्यास है?💐शंकर पुनताम्बेकार

18. ’गोबर गणेष’ उपन्यास के लेखक कौन हैं?💐रमेश चंद्र शाह

19. ’एक चूहे की मौत’ उपन्यास के रचनाकार कौन हैं?💐बदिउज्जमा

20. उत्पत्तिवाद के सिद्धान्त के प्रवर्तक कौन हैं?💐भट्टलोल्लत

21. भुक्तिवाद के सिद्धान्त का प्रवर्तन किसने किया?💐भट्टनायक

22. ’प्रभुजी मोरे अवगुन चित न धरो’ किसकी पंक्ति है?💐सूरदास


23. सम्प्रेषण सिद्धान्त के प्रवर्तक कौन हैं?💐रिचर्डस

24. निर्वैयक्तिकता का सिद्धान्त किसने प्रतिपादित किया?💐इलियट

25. ’रस-सिद्धान्त’ किसकी रचना है?💐नगेन्द्र

26. ’नए साहित्य का सौन्दर्यशास्त्र’ के रचनाकार कौन हैं?💐मुक्तिबोध

27. ’भाव विलास’ किसकी कृति है?💐देव

28. ’ओ! वरुणा की शान्त कछार’ किसकी पंक्ति है?💐प्रसाद

29. ’ब्रजबुलि’ शब्द का प्रयोग सर्वप्रथम किसने किया?💐बंगाली कवि ईश्वर चंद गुप्त

30. ’गुरू सुआ जेइ पंथ दिखावा’ किसकी काव्य-पंक्ति है?💐जायसी

31. प्रपद्यवाद का दूसरा नाम क्या है?💐नकेनवाद

32. ’रस गन्धर्व’ के रचनाकार का नाम बतायें।💐मणिमधुकर

33. ’यमगाथा’ नाटक किसने लिखा है?💐दूधनाथ सिंह

34. ’यह पथ बंधु था’ किसकी रचना है?💐नरेश मेहता

35. ’ध्वन्यालोक’ ग्रन्थ किसकी रचना है?💐आनंद वर्धन

36. ’साहित्य दर्पण’ के रचयिता कौन हैं💐विश्वनाथ

प्रसिद्ध पंक्तियां

कवियों एवं लेखको की प्रसिद्ध पंक्तियां 


०1. ’तोडने ही होंगे मठ और गढ सब’ किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– मुक्तिबोध
०2. ’द्रुत झरो जगत के जीर्णपत्र’ पंक्ति के रचनाकार
कौन हैं?
उत्तर——– सुमित्रानन्दन पन्त
०3. ’उत्तर प्रियदर्शी’किसकी गीति-नाट्य
रचना है?
उत्तर——– अज्ञेय
०4. ’केसव कहि न जाइका कहिए! देखत तब
रचना बिचित्र अति,समुझि मनहि मन रहिए!’
किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– तुलसीदास
०5. ’रावरे रूपको रीति अनूप,
नयो नयो लागतज्यों ज्यों निहारिये’ -किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– घनानन्द

०6. प्रसिद्ध हिन्दी पत्रिका ’कल्पना’ कहॉं से प्रकाशित
होती थी?
उत्तर——– हैदराबाद
०7. ’कोमल गांधार’ नाटक के रचनाकार कौन हैं?
उत्तर——– शंकर शेष
०8. ’मुक्ति का रहस्य’नाटक किसकी कृति है?
उत्तर——– लक्ष्मीनारायण मिश्र
०10. ’हिन्दी साहित्य का वैज्ञानिक इतिहास’
किसकी कृति है?
उत्तर——– गणपतिचन्द्र गुप्त

०11. ’हिन्दी साहित्य का आलोचनात्मक
इतिहास’ के रचनाकार कौन हैं?
उत्तर——– डॉ0 रामकुमार वर्मा
०12. ’हिन्दी साहित्य की संवेदना का विकास’
किसकी रचना है?
उत्तर——-
रामस्वरूप चतुर्वेदी
०13. ’कवि कुछ ऐसी तान सुनाओ जिससे उथल पुथल मच
जाए’ किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– बालकृष्ण शर्मा नवीन
०14. मध्यवाचार्य किस सम्प्रदाय के संस्थापक हैं?
उत्तर——– द्वैतवाद
०15. किन रचनाकारों की भाषा को
संधा भाषा कहा गया?
उत्तर——– बौद्ध-सिद्ध

०16. ’धिक् जीवन जो पाता ही आया विरोध
’ किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– निराला
०17. ’दुःखवा मैं कासे कहूँ मोरी सजनी’
किसकी कहानी है?
उत्तर——– चतुरसेन शास्त्री
०18. ’मधुप गुनगुना कर कह जाता’ किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– जयशंकर प्रसाद
०19. ’मर्द साठे पर पाठे होते हैं।’ किसकी उक्ति है?
उत्तर——– प्रेमचंद
०20. ’ये उपमान मैले हो गये हैं’ किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– अज्ञेय
यूपी टीजीटी पीजीटी हिन्दी साहित्य
०21. ’हम राज्य लिये मरते हैं’ किसकी काव्य-पंक्ति है?
उत्तर——– मैथिलशरण गुप्त
०22. ’हिन्दी व्याकरण’ किसकी रचना है?
उत्तर——– कामताप्रसाद गुरु
०23.’हिन्दी शब्दानुशासन’ किसने लिखा है?
उत्तर——– किशोरीदास वाजपेई
०24.’हिन्दी भाषा का उद्भव और विकास’ किसकी रचना है?
उत्तर——– उदय नारायण तिवारी
०25. ’देवीदीन’ मुंशी प्रेमचन्द के किस
उपन्यास का पात्र है?
उत्तर——– गबन

०26. ’प्रैक्टिकल क्रिटिसिज्म’ किसका ग्रन्थ है?
उत्तर——– रिचर्ड्स
०27. ’सेक्रेड वुड’ किसकी रचना है?
उत्तर——– टी.एस. इलियट
०28. ’लिरिकल बैलेडस’ किसने लिखा है?
उत्तर——– विलियम वर्ड्सवर्थ
०29. ’पोयटिक्स’ किसकी कृति है?
उत्तर——– अरस्तू
०30. ’जात पांत पूछै नहिं कोई’ किसकी पंक्ति है?
उत्तर——– रामानन्द
०31. ’प्रेम प्रेम ते होय प्रेम ते पारहिं पइए’ पंक्ति के
रचनाकार कौन हैं?
उत्तर——– सूरदास
०32. ’आधुनिक काल में गद्य का आविर्भाव सबसे प्रधान
घटना है’ किसका कथन है?
उत्तर——– आचार्य रामचन्द्र शुक्ल
▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬

कामायनी के सन्दर्भ में विद्वानों का कथन

यूपी टीजीटी पीजीटी हिन्दी साहित्य

कामायनी के सन्दर्भ में विद्वानों का कथन

“वर्तमान हिंदी कविता में दुर्लभ कृति” – हजारी प्रसाद द्विवेदी
“विश्व साहित्य का आठवाँ काव्य ” – श्याम नारायण
“आधुनिक हिंदी कविता का रामचरित मानस” – रामनाथ सुमन
“विराट सामंजस्य की सनातन गाथा” – विश्वम्भरनाथ मानव
“आर्ष ग्रन्थ” – डॉ. नागेन्द्र
“आधुनिक हिंदी काव्य का सर्वाधिक महत्वपूर्ण ग्रन्थ” – शुक्ल जी
“मधुरस से सिक्त महाकाव्य” – रामरतन भटनागर
“मानवता का रसात्मक इतिहास” – नन्द दुलारे वाजपेयी
“कामायनी समग्रता में समासोक्ति का विधान लक्षित करती है” – डा. नागेन्द्र
“इसकी अन्तेर्योजना त्रुटिपूर्ण और समन्वित प्रभाव की दृष्टि से दोषपूर्ण है” – शुक्ल जी
“छायावाद का उपनिषद” – शांतिप्रिय द्विवेदी
“फंतासी कृति” – मुक्तिबोध
“एक क्म्पोजीसन” – रामस्वरूप चतुर्वेदी
“यह अपने आप में चिति का विराट वपु मंगल है – डॉ. बच्चन सिंह
सर्वोत्तम महाकाव्य है- हरदेव बाहरी
1. कामायनी मानव चेतना का महाकाव्य है।यह आर्ष ग्रन्थ है।–नगेन्द्र
2. कामायनी फैंटेसी है।- मुक्तिबोध
3.कामायनी एक असफल कृति है।- इन्द्रनाथ मदान
4. कामायनी नये युग का प्रतिनिधि काव्य है।- नन्द दुलारे वाजपेयी
5.कामायनी ताजमहल के समान है- सुमित्रानन्दन पंत
6.कामायनी एक रूपक है- नगेन्द्र
7.कामायनी विश्व साहित्य का आठवाँ महाकाव्य है- श्यामनारायण
8. कामायनी दोष रहित दोषण सहित रचना रामधारी सिंह दिनकर
9. कामायनी समग्रतः में समासोक्ति का विधान लक्षित करती है- डॉ नगेन्द्र
10. कामायनी आधुनिक सभ्यता का प्रतिनिधि महाकाव्य है- नामवार सिंह
11. कामायनी आधुनिक हिन्दी साहित्य का सर्वोत्तम महाकाव्य है- हरदेव बाहरी
12.कामायनी मधुरस से सिक्त महाकाव्य है- रामरतन भटनाकर
13. कामायनी विराट सांमजस्य की सनातन गाथा है -विशवंभर मानव
14.कामायनी का कवि दूसरी श्रेणी का कवि है -हजारी प्रसाद द्विवेदी
15. कामायनी वर्तमान हिन्दी कविता में दुर्लब कृति है- हजारी प्रसाद द्विवेदी
16. कामायनी में प्रसाद ने मानवता का रागात्मक इतिहास प्रस्तुत किया है जिस प्रकार निराला ने तुलसीदास के मानस विकास का बड़ा दिव्य और विशाल रंगीन चित्र खिंचा है-रामचन्द्र शुक्ल
17. कामायनी छायावाद का उपनिषद है- शांति प्रिय द्विवेदी
18.कामायनी को कंपोजिशन की संज्ञा देने वाले-रामस्वरूप चतुर्वेदी
19.मुक्तिबोध का कामायनी संबंधि अध्ययन फूहड़ मारक्स वाद का नमूना है-बच्चन सिंह
20.कामायी जीबन की पूनर्रचना है -मुक्तिबोध
21.कामायनी मनोविज्ञान की ट्रीटाइज है -नगेन्द्र
22.कामायनी आधुनिक समीक्षक और रचनाकार दोनों के लिए परीक्षा स्थल है -रामस्वरूप चतुर्वेदी

कामायनी महाकाव्य से सम्बन्धित महत्वपूर्ण तथ्य 

✍️सर्ग 15
👉मुख्य छंद – तोटक
👉कामायनी पर प्रसाद को मंगलाप्रसाद पारितोषिक पुरस्कार मिला है
👉काम गोत्र में जन्म लेने के कारण श्रद्धा को कामायनी कहा गया है।
👉कामायनी के पांडूलिपी संस्करण का प्रकाशन 1971 में हुआ।
👉प्रसाद ने कामायनी में आदिमानव मुन की कथा के साथ साथ युगीन समस्याओं पर प्रकाश डाला है।
👉कामायनी का अंगीरस शांत रस है।
👉कामायनी दर्शन समरसता – आनन्दवाद है।
👉कामायनी की कथा का आधार ऋग्वेद,छांदोग्य उपनिषद् ,शतपथ ब्राहमण तथा श्री मद्भागवत हैं।
👉घटनाओं का चयन शतपथ ब्राह्मण से किया गया है।
👉कामायनी की पूर्व पीठिका प्रेमपथिक है।
👉कामायनी की श्रद्धा का पूर्व संस्करण उर्वशी है।
👉कामायनी का हृदय लज्जा सर्ग है।

यूपी टीजीटी पीजीटी हिन्दी साहित्य